विधानसभा चुनावों के बीच 2024 में होने वाले लोकसभा चुनावों की चर्चा थमी नहीं है। भारतीय जनता पार्टी राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर समर्थन जुटाने में लगी है। खबर है कि इस बार पार्टी खासतौर से मुस्लिम समर्थन बढ़ाने और उन्हें वोट में तब्दील करने की तैयारी कर रही है। इसी के तहत पार्टी ‘मोदी मित्रों’ की नियुक्ति कर रही है।
रॉयटर्स से बातचीत में भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के अध्यक्ष जमाल सिद्दीकी बताते हैं कि पार्टी शिक्षक, उद्यमी, मौलानाओं और रिटायर हो चुके सरकारी कर्मचारियों की तलाश कर रही है, जो मोदी का मूल्यांकन करना चाहते हों। एजेंसी को भाजपा पदाधिकारियों ने बताया कि 25 हजार से ज्यादा मुस्लिम मोदी को लगातार तीसरी बार जिताने के लिए मेहनत कर रहे हैं।
मुस्लिम और कुछ संगठन आरोप लगाते रहे हैं कि भाजपा के कुछ नेता उनके खिलाफ बोलने और कार्रवाई करने में शामिल रहे हैं। जबकि, पार्टी के मुस्लिम नेता सैयद जफर इस्लाम ने कहा कि मोदी इस बात से इनकार करते हैं कि भारत में धार्मिक भेदभाव है। उन्होंने कहा कि मुस्लिम और हिंदू के बीच हिंसा की जड़ें गहरी हैं, लेकिन अब सुर्खियां सिर्फ इसलिए बटोर रही हैं, क्योंकि विरोधी दल इसका इस्तेमाल पार्टी पर हमला करने के लिए करते हैं।